Want create site? Find Free WordPress Themes and plugins.

जैश ए मोहम्‍मद के मुखिया मसूद अजहर को वैश्‍विक आतंकी घोषित करने की राह में चीन द्वारा वीटो लगाने को लेकर भारत ने निराशा जताई है। मसूद को वैश्विक आतंकी घोषित करने के प्रस्ताव पर फैसले से कुछ मिनट पहले चीन ने वीटो का इस्तेमाल करते हुए प्रस्ताव पर रोक लगा दी। बता दें कि 2017 में भी चीन ने ऐसा ही किया था। बीते 10 साल में संयुक्त राष्ट्र में अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित कराने का यह चौथा प्रस्ताव था।

तो वही इसके बाद सियासी संग्राम शुरू हो गया है। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने गुरुवार को आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग से डरे हुए हैं और चीन के खिलाफ उनके मुंह से एक शब्द नहीं निकलता है। इसके बाद बीजेपी ने राहुल पर पलटवार करते हुए तंज कसते हुए कहा कि जब देश दुखी होता है तो फिर वह इतने खुश क्यों होते हैं। बीजेपी ने इसके साथ ही राहुल पर कुछ सवाल भी दागे।

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने ट्वीट कर कहा, ‘कमजोर मोदी शी चिनफिंग से डरे हुए हैं। जब चीन भारत के खिलाफ कदम उठाता है तो उनके मुंह से एक शब्द नहीं निकलता है।’ उन्होंने दावा किया, ‘मोदी की चीन कूटनीति गुजरात में शी के साथ झूला झूलना, दिल्ली में गले लगाना, चीन में घुटने टेक देना रही।’ बता दें कि चीन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में अजहर को वैश्विक आतंकी घोषित करने वाले प्रस्ताव पर तकनीकी रोक लगा दी थी।

इसके बाद राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए बीजेपी प्रवक्ता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि जब भारत को पीड़ा होती है तो राहुल गांधी को खुशी क्यों होती है? उन्होंने कहा, ‘राजनीति में विरोध होना चाहिए, लेकिन आतंकवाद के मसले पर इस तरह का रवैया? आखिर राहुल गांधी को हो क्या गया है?’ उन्होंने आगे कहा कि 2009 में UPA द्वारा मसूद अजहर पर बैन लगवाने के प्रयास के दौरान चीन ने यही रवैया अपनाया था तब राहुल गांधी ने ट्वीट क्यों नहीं किया था।

प्रसाद ने इसके साथ ही तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी के तो चीन से अच्छे संबंध हैं। डोकलाम मुद्दे पर वह चीनी दूत से मुलाकात करते हैं। इसलिए मसूद अजहर के मुद्दे पर वह अपने संबंधों का प्रयोग करके चीन को क्यों नहीं समझाते। उन्होंने, ‘पुलवामा हमले के बाद राहुल गांधी सिर्फ 2 दिन तक सरकार के साथ खड़े रहे। उसके बाद उन्होंने एयर स्ट्राइक पर सवाल उठा दिए। उनके नेता इसका सबूत मांग रहे हैं।’

दिल्ली में विदेश मंत्रालय ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ‘हम निराश हैं। लेकिन हम सभी उपलब्ध विकल्पों पर काम करते रहेंगे, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि भारतीय नागरिकों पर हुए हमलों में शामिल आतंकवादियों को न्याय के कठघरे में खड़ा किया जाए।’ मंत्रालय ने कहा, ‘हम उन देशों के आभारी हैं जिन्होंने अजहर को वैश्विक आतंकवादी घोषित कराने की कवायद में हमारा समर्थन किया है।’

Did you find apk for android? You can find new Free Android Games and apps.