Want create site? Find Free WordPress Themes and plugins.

चार साल बाद दिल्ली विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में कांग्रेस की स्टूडेंट इकाई एनएसयूआई (NSUI) ने शानदार वापसी की है। एनएसयूआई ने अध्यक्ष पद समेत तीन बड़े पदों पर कब्जा जमाया है। वहीं एबीवीपी (ABVP) मात्र एक पद पर ही कब्जा जमा पाई। अध्यक्ष पद का चुनाव एनएसयूआई के रॉकी तुसीद ने जीता है, जबकि अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने सचिव पद पर जीत दर्ज की है।

अध्यक्ष पर रॉकी तुषीद (एनएसयूआई), उपाध्यक्ष पद पर कुणाल सिंह रावत (एनएसयूआई), सचिव पद पर महामेधा नागर (एबीवीपी) और संयुक्त सचिव के पद पर  अविनाश यादव (एनएसयूआई) ने जीत हासिल की है।

बता दें कि पिछले 4 साल से डूसू चुनाव में एबीवीपी ही जीतती रही हैं। पिछले साल ही एबीवीपी ने तीन पदों पर जीत दर्ज की थी जबकि एनएसयूआई ने वापसी करते हुए संयुक्त सचिव का पद अपने नाम किया था। वहीं इस साल एनएसयूआई ने एबीवीपी को बड़ा झटका दिया है।

दिल्ली यूनिवर्सिटी के छात्रसंघ के लिए मंगलवार को चुनाव हुआ था। चुनाव में 42.8 प्रतिशत वोट पड़े थे। वोटों की गिनती बुधवार सुबह 8 बजे शुरू हुई। नतीजे 16 चरणों की मतगणना के बाद घोषित किए गए। नतीजे जब आना शुरू हुए उस वक्त पहले तो लगा कि एबीवीपी जीत रही है पर गिनती के दौरान कड़ा मुकाबला रहा। शुरुआती राउंड में एबीवीपी ने चारों पदों पर बढ़त बनाई हुई थी, तो बाद में एनएसयूआई ने बढ़त बनाई।

संजय निरुपम ने ट्वीट कर कहा- बोल कि लब आजाद हैं तेरे, NSUI की शानदार जीत। ABVP और भाजपा को तगड़ा झटका।

गौरतलब है कि इस चुनाव में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का राष्ट्रीय छात्र संघ (NSUI) राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ का अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP), भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) (Cpim) के छात्र संघ भारत (SFI) और भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी और लेनिनवादी) के अखिल भारतीय छात्र संघ (AISA) डीयूएसयू चुनावों में चार केंद्रीय पैनल सीटों के मुख्य दावेदार थे।

Did you find apk for android? You can find new Free Android Games and apps.