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छत्तीसगढ़ के लोक निर्माण मंत्री राजेश मूणत की कथित अश्लील सीडी मामले में केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने आज अदालत में पेश आरोप पत्र में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल एवं पत्रकार विनोद वर्मा सहित छह लोगो को आरोपी बनाया है। सीबीआई ने जिला न्यायालय में सीबीआई की विशेष अदालत में पेश किए आरोप पत्र में श्री बघेल एवं वर्मा के अलावा रिंकू खनूजा,विजय पाड्या,विजय भाटिया एवं कैलाश मुरारका को आरोपी बनाया है।विशेष न्यायधीश ने आरोप पत्र में कई तकनीकी खामियों के कारण उसे वापस कर दिया और सीबीआई को उसे दुरूस्त कर फिर पेश करने का आदेश दिया है।आरोपियों में एक रिंकू खनूजा ने मामले की जांच के दौरान ही कथित तौर पर आत्महत्या कर ली थी।

सीबीआई ने कल देर शाम श्री बघेल एवं अन्य को आज आरोप पत्र अदालत में पेश करने की जानकारी देते हुए अदालत में पेश होने का नोटिस दिया था।श्री बघेल सुबह लगभग साढ़े 10 बजे राजधानी के घंड़ी चौक पर पहुंचे और वहां से पैदल जिला अदालत के लिए रवाना हुए।उन्हे समर्थन देने के लिए पार्टी के वरिष्ठ नेता पूर्व केन्द्रीय मंत्री डा.चरणदास महंत,पूर्व मंत्री धनेन्द्र साहू,रविन्द्र चौबे,सत्यनारायण शर्मा एवं अमितेश शुक्ला सहित बड़ी संख्या में नेता एवं कार्यकर्ता उनके साथ जिला अदालत तक गए।श्री बघेल के अलावा पत्रकार श्री वर्मा एवं विजय भाटिया अदालत में पेश हुए।

अदालत ने आरोप पत्र फिलहाल सीबीआई को वापस कर दिया है,इसलिए सीबीआई इसे आज ही ठीक कर पेश करेगी या नही अभी स्पष्ट नही है। राज्य की राजनीति में इस सीडी कांड ने पिछले वर्ष अक्टूबर मे भूचाल ला दिया था। इस मामले में मंत्री मूणत ने राजधानी के सिविल लाईन थाने में श्री बघेल एवं पत्रकार वर्मा के खिलाफ मामला दर्ज करवाया था। पुलिस ने आनन फानन में श्री वर्मा को गाजियाबाद से गिरफ्तार कर लिया था। इस मामले तूल पकड़ने पर राज्य सरकार ने मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी थी। सीबीआई ने इसके बाद 12 दिसम्बर 17 को दो अलग अलग एफआईआर दर्ज किया था। इस मामले में सीबीआई ने श्री बघेल को भी तलब कर पूछताछ की थी। सीबीआई ने इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नही की। आरोपियों में कैलाश मुरारका भाजपा के वरिष्ठ एवं सक्रिय कार्यकर्ता है।

इस बीच मुख्यमंत्री डा.रमन सिंह ने इस मामले में पत्रकारों द्वारा आज पूछे जाने पर कहा कि कांग्रेस की ही मांग पर मामले की जांच राज्य सरकार ने सीबीआई को सौपी थी।यह घटना में राजनीति में गिरावट की पराकाष्ठा था। इससे छत्तीसगढ़ महतारी एवं महिलाओं का अपमान हुआ। उन्होने कहा कि आरोप पत्र और आगे की प्रक्रिया न्यायालीन है। इसमें राज्य सरकार का कुछ लेना देना नही है। उन्होने कांग्रेस के सीबीआई के दुरूपयोग के आरोपो को खारिज कर दिया।

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