Want create site? Find Free WordPress Themes and plugins.

यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ अपनी प्रशासनिक कुशलताओं की वजह से कुछ दिनों पहले एक सर्वे में देश के सबसे अच्छे मुख्यमंत्री चुने गए थे। योगी आदित्य नाथ ने मुख्यमंत्री की कुर्सी संभालते ही उन्होंने राज्य में अपराधियों को चेतावनी दी थी, या तो अपराध छोड़ दो या फिर उत्तरप्रदेश छोड़ दो। यहां सिर्फ कानून का राज्य होगा। आज मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को माफिया डॉन मुख्तार अंसारी का खुलकर नाम लेते हुए अपराधियों को चेतावनी दी है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ट्वीट कर कहा कि माफिया मुख्तार अंसारी के काले-साम्राज्य के अंत का समय आ गया है। इसके गिरोह के 97 साथी पुलिस की हिरासत में हैं और ये कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यालय के हैंडल से किए गए ट्वीट में कहा गया कि उत्तर प्रदेश में कानून का शासन है। यहां के शब्दकोष में अवैध, अनैतिक और अराजक जैसे शब्द नहीं हैं। उन्होंने कहा, ‘मुख्तार अंसारी जैसा माफिया हो या कोई भी अन्य अपराधी, सरकार जीरो टॉलरेंस के साथ इनके कुकृत्यों पर पूर्णविराम लगाने को प्रतिबद्ध है। जनभावनाओं के अनुरूप कार्रवाई जारी रहेगी।’

बड़े माफियाओं पर शिकंजा कसते हुए योगी सरकार के आदेश पर।  लखनऊ के डालीबाग में बने मुख्तार अंसारी के बेटों की दो इमारतों को प्राधिकरण के आदेश पर जमींदोज कर दिया गया। इसके लिए LDA और पुलिस प्रशासन समेत 250 से अधिक पुलिसकर्मी और 20 से अधिक जेसीबी लगाई गईं। मौके पर मुख्तार अंसारी के बेटों से झड़प भी हो गई। जिसके बाद पुलिस ने उन्हें खदेड़ कर मौके से भगा दिया।

 लखनऊ विकास प्राधिकरण की टीम ने गेट का ताला तोड़कर और वहां बने निर्माण से सामान निकाल कर कार्रवाई की। LDA ने सुबह सवेरे बुलडोजर चलवाकर माफिया की इमारत को ध्वस्त किया। शत्रु संपत्ति पर किसी भी तरह का निर्माण नहीं कराया जा सकता। लेकिन बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी ने अपनी ताकत का इस्तेमाल करते हुए ना सिर्फ इस पर कब्ज़ा किया बल्कि पहले अपनी मां और फिर अपने दोनों बेटों के नाम जमीन ट्रांसफर करा ली। बार-बार चेतावनी के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं होने पर इसे तोड़ा गया। पहले ये निर्माण राबिया अंसारी के नाम था। बाद में ये मुख्तार के बेटे अब्बास अंसारी और उमर अंसारी के नाम हुआ।

अब प्रशासन बिल्डिंग के तोड़ने का खर्चा, अब तक का किराया भी वसूलेगी। इस निर्माण के लिए जिम्मेदार रहे तत्कालीन अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ भी कार्रवाई होगी। प्रदेश में माफियाओं की बेनामी संपत्तियों की जांच में जुटे अफसरों ने मुख्तार अंसारी के परिवारजनों को रडार पर लिया है। अब हजरतगंज और उससे जुड़े इलाकों की 19 संपत्तियों में मुख्तार का कनेक्शन खंगाला जा रहा है। इससे पहले भी लखनऊ में मुख्तार अंसारी के खिलाफ अभियान के क्रम में जुलाई में LDA ने। लालबाग में एक अवैध निर्माण का बेसमेंट को सील किया था।

Did you find apk for android? You can find new Free Android Games and apps.